सिरसा में सहरिया परिवारों की फसल नुकसान का आरोप, कार्रवाई के विरोध में उठी आवाज

ग्वालियर। जिले की घाटीगांव तहसील के ग्राम सिरसा में सहरिया आदिवासी परिवारों की जमीनों पर वन विभाग की कार्रवाई को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। स्थानीय लोगों और दलित आदिवासी महापंचायत से जुड़े प्रतिनिधियों का आरोप है कि वन विभाग की टीम जेसीबी मशीनों के साथ क्षेत्र में पहुंची और खेती वाली जमीनों पर खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचाया गया।

वर्षों से खेती करने का दावा, बेदखली का लगाया आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि सहरिया समुदाय के कई परिवार वर्षों से संबंधित भूमि पर खेती कर अपने परिवारों का भरण-पोषण करते आ रहे हैं। उनका आरोप है कि अब उन्हें जमीन से बेदखल करने की कोशिश की जा रही है। समुदाय से जुड़े लोगों ने कहा कि सहरिया जनजाति प्रदेश की विशेष पिछड़ी जनजातियों में शामिल है और उनके हितों के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जाती हैं, ऐसे में इस प्रकार की कार्रवाई चिंता का विषय है।

आंदोलन की चेतावनी, प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग
दलित आदिवासी महापंचायत ने शासन-प्रशासन से मामले में हस्तक्षेप कर सहरिया परिवारों को जमीन से बेदखल नहीं किए जाने की मांग की है। संगठन का कहना है कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो आंदोलन किया जाएगा। वहीं, प्रशासन और वन विभाग की ओर से इस संबंध में आधिकारिक पक्ष सामने आना बाकी है।
ग्रामीणों ने प्रभावित परिवारों को राहत उपलब्ध कराने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग भी उठाई है।




