गोहद नगरपालिका में घमासान: बिना बताए सरकारी AC घर ले गईं अध्यक्ष; CMO महेश जाटव ने थमाया पत्र, कहा- ‘यह पद की गरिमा के खिलाफ, वापस करें वरना होगी कानूनी कार्रवाई’

गोहद (भिंड): मध्य प्रदेश के भिंड जिले के अंतर्गत आने वाली गोहद नगरपालिका में प्रशासनिक अमले और निर्वाचित जनप्रतिनिधि के बीच एक बेहद अजीबोगरीब और गंभीर विवाद सामने आया है। गोहद नगरपालिका के मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO) ने परिषद की अध्यक्ष को एक आधिकारिक पत्र लिखकर सरकारी एयर कंडीशनर (AC) को तुरंत वापस करने की सख्त चेतावनी दी है। सीएमओ का आरोप है कि अध्यक्ष ने कार्यालयीन नियमों को ताक पर रखकर सरकारी संपत्ति का निजी इस्तेमाल किया है।
बिना सूचना के दफ्तर का AC उठा ले गईं अध्यक्ष
सीएमओ द्वारा जारी किए गए इस आधिकारिक पत्र में कई गंभीर आपत्तियां दर्ज कराई गई हैं:
-
अनाधिकृत कदम: सीएमओ के मुताबिक, नगरपालिका कार्यालय की संपत्ति (AC) को बिना किसी पूर्व सूचना, अनुमति या कागजी एंट्री के सीधे दफ्तर से उठाकर घर पर लगा लिया गया।
-
पद की गरिमा धूमिल: पत्र में सीएमओ ने इस कृत्य पर सख्त ऐतराज जताते हुए लिखा है कि नगरपालिका अध्यक्ष जैसे जिम्मेदार और सम्मानीय पद पर रहते हुए शासकीय संपत्ति को बिना बताए घर पर स्थापित करना पद की गरिमा को पूरी तरह धूमिल करने जैसा है।
इन दो शीर्ष पदों के बीच छिड़ी कानूनी जंग
सीएमओ बनाम अध्यक्ष: यह पूरा पत्राचार गोहद नगरपालिका के सीएमओ महेश जाटव द्वारा नगरपालिका अध्यक्ष मंजू-जगदीश माहौर को संबोधित करते हुए किया गया है। इस पत्र के सार्वजनिक होने के बाद से ही स्थानीय राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म है।
‘AC वापस करें, अन्यथा वरिष्ठ अधिकारियों से होगी शिकायत’
सीएमओ महेश जाटव ने पत्र के माध्यम से अध्यक्ष को दोटूक शब्दों में संदेश भेजा है:
-
वापसी का अनुरोध: अध्यक्ष मंजू माहौर से कहा गया है कि वे बिना किसी देरी के नगरपालिका कार्यालय की इस संपत्ति (AC) को ससम्मान शासकीय दफ्तर में वापस भिजवाएं।
-
वैधानिक कार्रवाई की चेतावनी: सीएमओ ने स्पष्ट किया है कि यदि निर्धारित समय में सरकारी एसी वापस कार्यालय में जमा नहीं कराया जाता है, तो इस स्तिथि में वे मामले की लिखित शिकायत जिला कलेक्टर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से करेंगे और नियमसंगत वैधानिक व कानूनी कार्रवाई के लिए बाध्य होंगे।




