ग्वालियर में दो साल के मासूम पर कुत्ते का हमला, अनूप चौहान ने जान जोखिम में डालकर बचाया

कुत्ते से भिड़कर बच्चे को बचाने दौड़ा युवक
ग्वालियर के सागरताल क्षेत्र स्थित जगनापुरा में घर के बाहर खेल रहे दो साल के मासूम दिव्यांश प्रजापति पर आवारा कुत्ते ने हमला कर दिया। बच्चे पर खतरा देखकर पास बैठे 32 वर्षीय अनूप चौहान ने बिना देर किए कुत्ते को पकड़कर बच्चे से अलग कर दिया। उनकी तत्परता से मासूम को बचा लिया गया।
बच्चे को बचाने में दोनों हाथ हुए जख्मी
मासूम को बचाने के दौरान अनूप चौहान के दोनों हाथ कुत्ते के काटने से बुरी तरह जख्मी हो गए। घायल अवस्था में उन्हें उपचार के लिए हजार बिस्तर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां पीएसएम विभाग की ओपीडी में उन्हें रेबीज रोधी इंजेक्शन लगाया गया। बच्चे को बचाने के लिए अनूप की ओर से दिखाई गई बहादुरी की चर्चा हो रही है।
आवारा कुत्तों से बच्चों की सुरक्षा पर चिंता
इस घटना ने एक बार फिर आवारा कुत्तों के हमलों से बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। घर के बाहर खेल रहे छोटे बच्चों पर इस तरह के हमले गंभीर खतरा पैदा कर सकते हैं। अनूप चौहान ने अभिभावकों से बच्चों पर नजर रखने और आवारा कुत्तों की समस्या के समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग करने की बात कही।
कुत्ते के काटने पर तुरंत कराएं उपचार
चिकित्सकीय सलाह के अनुसार, कुत्ते के काटने या खरोंचने पर घाव को साबुन और बहते पानी से कम से कम 15 मिनट तक अच्छी तरह धोना चाहिए। इसके बाद तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है। चिकित्सक की सलाह के अनुसार रेबीज रोधी टीका और जरूरत पड़ने पर रेबीज इम्युनोग्लोबुलिन लगवाना चाहिए। रेबीज के लक्षण सामने आने के बाद बीमारी लगभग हमेशा जानलेवा होती है, इसलिए समय पर उपचार और बचाव बेहद जरूरी है।




