ग्वालियर में मूर्ति विसर्जन की खुशियां मातम में बदलीं: तिघरा बांध के प्रतिबंधित घाटों पर डूबने से दो युवकों की दर्दनाक मौत

ग्वालियर में माता की प्रतिमा विसर्जन के दौरान एक बड़ा हादसा सामने आया है, जहाँ तिघरा बांध के प्रतिबंधित और खतरनाक घाटों पर डूबने से दो युवकों की जान चली गई। इस हृदयविदारक घटना के बाद दोनों मृतकों के परिवारों में कोहराम मच गया है और त्योहार की खुशियां अचानक मातम में बदल गईं।
अलग-अलग घाटों पर गहरे पानी का शिकार हुए युवक
तिघरा थाना पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, यह दर्दनाक हादसा विसर्जन के दौरान हुआ। मृतकों की पहचान बिरथरी पुरा (गिरवाई) निवासी 25 वर्षीय पंकज जाटव और संजय नगर निवासी 28 वर्षीय राहुल जाटव के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दोनों युवक अपने साथियों के साथ प्रतिमा विसर्जन के लिए पहुंचे थे, जहाँ पंकज की मेहदपुर घाट पर और राहुल की सूजवाया घाट पर गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही थम गईं सांसें
साथियों द्वारा जब दोनों युवकों को गहरे पानी में डूबते देखा गया, तो उनके होश उड़ गए। आनन-फानन में दोनों को पानी से बाहर निकालकर तुरंत जयारोग्य अस्पताल (JAH) रवाना किया गया, लेकिन अस्पताल पहुँचने से पहले ही दोनों की सांसें थम चुकी थीं। डॉक्टरों ने जाँच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
प्रशासन के प्रतिबंधों के बावजूद पहुंचे थे खतरनाक छोर
जिला प्रशासन द्वारा मूर्ति विसर्जन के लिए सागरताल पर विशेष व्यवस्था और कड़े निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद तिघरा बांध के महिदपुर और सुजवाया जैसे खतरनाक व प्रतिबंधित इलाकों में लोग बेपरवाही के चलते पहुँच गए, जो प्रशासन के नियमों की अनदेखी का परिणाम साबित हुआ। फिलहाल पुलिस ने मर्ग कायम कर शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की आगे की जांच शुरू कर दी है।



