RGPV पेपर लीक कांड: ग्वालियर में परीक्षा से पहले मोबाइल पर पहुंचा पर्चा, दो आरोपी गिरफ्तार

ग्वालियर। राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (RGPV) की डिप्लोमा फार्मेसी परीक्षा की गोपनीयता भंग होने का एक बड़ा मामला सामने आया है। ग्वालियर की झांसी रोड थाना पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए 6 अप्रैल को आयोजित पूरक परीक्षा (Supplementary Exam) का प्रश्नपत्र लीक करने के आरोप में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। इस घटना ने विश्वविद्यालय की सुरक्षा व्यवस्था और परीक्षा प्रणाली पर गंभीर सवालिया निशान लगा दिए हैं।
केंद्र के बाहर मोबाइल पर हल हो रहा था प्रश्नपत्र
यह पूरा मामला 6 अप्रैल का है, जब सुबह 11 बजे से ‘हॉस्पिटल एंड क्लिनिकल फार्मेसी’ विषय की परीक्षा निर्धारित थी। बताया जा रहा है कि परीक्षा शुरू होने से काफी पहले ही आरएनएस इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी के कई छात्रों के मोबाइल पर हूबहू प्रश्नपत्र पहुंच गया था। छात्र परीक्षा केंद्र के बाहर एकत्र होकर मोबाइल के जरिए उत्तरों की चर्चा कर रहे थे। पुलिस ने मुखबिर की सूचना और प्रारंभिक साक्ष्यों के आधार पर शुक्रवार शाम को इस पूरे नेटवर्क का खुलासा किया।
व्हाट्सएप चैट से खुला राज, मास्टरमाइंड की तलाश तेज
पुलिस ने इस मामले में अंकेश अरविंद और जितेश कुशवाह को नामजद करते हुए हिरासत में लिया है। जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि जितेश के मोबाइल पर यह पेपर ‘राज सक्सेना’ नामक व्यक्ति ने भेजा था। फिलहाल पुलिस राज सक्सेना की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है। मुख्य आरोपी के पकड़े जाने के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि इस पेपर लीक का केंद्र विश्वविद्यालय का गोपनीय विभाग था या किसी कॉलेज स्तर से इसे वायरल किया गया।
संगठित गिरोह और अन्य परीक्षाओं पर संदेह
झांसी रोड पुलिस को अंदेशा है कि इस रैकेट के पीछे कोई बड़ा और संगठित गिरोह सक्रिय हो सकता है। पकड़े गए आरोपियों के मोबाइल कॉल डिटेल्स (CDR) और व्हाट्सएप चैट्स की गहनता से जांच की जा रही है ताकि गिरोह के अन्य सदस्यों तक पहुंचा जा सके। इसके साथ ही प्रशासन इस बिंदु पर भी गौर कर रहा है कि क्या इससे पहले हुए अन्य विषयों के पेपर भी इसी तरह लीक किए गए थे। इस खुलासे के बाद आरजीपीवी प्रबंधन में हड़कंप मचा हुआ है।




