भ्रष्टाचार पर भिंड पुलिस का बड़ा प्रहार, 3 करोड़ के घोटाले में ताबड़तोड़ कार्रवाई, आरोपी सलाखों के पीछे…

भिंड। नगर पालिका में करोड़ों के भ्रष्टाचार पर भिंड पुलिस ने कड़ा वार करते हुए बड़ा खुलासा किया है। करीब 3 करोड़ रुपये के घोटाले में शामिल आरोपियों को पुलिस ने दबोच लिया है। इस कार्रवाई से साफ संदेश गया है कि सरकारी योजनाओं में लूट मचाने वालों को अब किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
पुलिस अधीक्षक डॉ. असित यादव और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार पाठक के सख्त निर्देशन में नगर पुलिस अधीक्षक निरंजन सिंह राजपूत की टीम ने लगातार कार्रवाई करते हुए 06 फरवरी 2026 को 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया। मामला थाना सिटी कोतवाली में अपराध क्रमांक 750/2024 के तहत दर्ज है, जिसमें धारा 409, 420, 467, 468, 120बी सहित भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत जांच की जा रही है।

जांच में सामने आया कि आरोपियों ने शासकीय योजनाओं में सुनियोजित तरीके से फर्जीवाड़ा कर लाखों रुपये अपने और परिजनों के खातों में ट्रांसफर कराए। पैसे के लालच में सरकारी सिस्टम को ही निशाना बनाया गया और जनता के हक पर डाका डाला गया। पुलिस ने साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपियों की कमर तोड़ दी है।
अब तक इस पूरे मामले में 6 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है और पुलिस की जांच लगातार आगे बढ़ रही है। कई अहम दस्तावेज और आर्थिक लेन-देन की पड़ताल जारी है, जिससे आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे होने की संभावना है।
इस कार्रवाई में नगर पुलिस अधीक्षक निरंजन सिंह राजपूत सहित प्रआरक्षक मनीष सिंह, मनीष सिंह भदौरिया, रामकुमार शर्मा और राकेश तोमर की अहम भूमिका रही। टीम ने तेजी और सटीकता के साथ कार्रवाई कर यह साबित कर दिया कि भिंड पुलिस भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है।
भिंड पुलिस की इस सख्त कार्रवाई ने साफ कर दिया है—सरकारी धन में सेंध लगाने वाले अब बच नहीं पाएंगे। कानून का शिकंजा कस चुका है और दोषियों को अंजाम तक पहुंचाकर ही पुलिस दम लेगी।



